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7.8% GDP वृद्धि पर बिहार में सियासी घमासान, सत्ता पक्ष ने गिनाईं उपलब्धियां तो विपक्ष ने महंगाई पर घेरा

पटना  पहली तिमाही में देश की जीडीपी (GDP) वृद्धि दर 7.8 प्रतिशत दर्ज होने के बाद बिहार की सियासत में भी इसे लेकर प्रतिक्रियाएं सामने आने लगी हैं। सत्ता पक्ष ने इसे प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व, नीतियों और दूरदर्शी सोच का परिणाम बताया है। वहीं, विपक्ष ने जीडीपी के आंकड़ों को लेकर सरकार पर…

7.8% GDP वृद्धि पर बिहार में सियासी घमासान, सत्ता पक्ष ने गिनाईं उपलब्धियां तो विपक्ष ने महंगाई पर घेरा

पटना
 पहली तिमाही में देश की जीडीपी (GDP) वृद्धि दर 7.8 प्रतिशत दर्ज होने के बाद बिहार की सियासत में भी इसे लेकर प्रतिक्रियाएं सामने आने लगी हैं।

सत्ता पक्ष ने इसे प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व, नीतियों और दूरदर्शी सोच का परिणाम बताया है। वहीं, विपक्ष ने जीडीपी के आंकड़ों को लेकर सरकार पर निशाना साधा है। 

पीएम की दूरदर्शी सोच का नतीजा: सम्राट 
मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने अपने एक्स हैंडल पर प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी का वीडियो साझा करते हुए लिखा कि भारत की अर्थव्यवस्था ने एक बार फिर विकास का नया कीर्तिमान बनाया है।

उन्होंने कहा कि 7.8 प्रतिशत की विकास दर केवल एक आंकड़ा नहीं है, बल्कि वैश्विक अनिश्चितताओं के बीच भारत की मजबूत अर्थव्यवस्था, 140 करोड़ देशवासियों के विश्वास और प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के दूरदर्शी नेतृत्व का प्रमाण है।

उन्होंने कहा कि तेल की कीमतों में उतार-चढ़ाव और आपूर्ति श्रृंखला से जुड़ी वैश्विक चुनौतियों के बावजूद वित्त वर्ष 2026-27 की पहली तिमाही में भारत ने 7.8 प्रतिशत की शानदार जीडीपी वृद्धि दर्ज की है।

यह उपलब्धि प्रत्येक भारतीय के लिए गर्व का विषय है। भारत हर चुनौती को अवसर में बदलते हुए नई ऊंचाइयों की ओर तेजी से आगे बढ़ रहा है।

गजेंद्र सिंह शेखावत बोले- बड़े फैसलों का परिणाम
पटना पहुंचे केंद्रीय मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत ने भी जीडीपी वृद्धि को लेकर प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व की सराहना की।

उन्होंने कहा कि भारतीय अर्थव्यवस्था के विस्तार के लिए प्रधानमंत्री के नेतृत्व में लिए गए बड़े और कठिन फैसलों का परिणाम अब दिखाई दे रहा है।

शेखावत ने कहा कि वैश्विक परिस्थितियों को देखते हुए यह माना जा रहा था कि चुनौतीपूर्ण दौर में भारतीय अर्थव्यवस्था पर भी दबाव पड़ेगा। इसके बावजूद भारत निवेश के लिए आकर्षण का केंद्र बन गया है। उन्होंने इसे देश के लिए खुशी की बात बताया।

विजय कुमार सिन्हा ने गिनाए आत्मनिर्भर भारत के प्रयास
बिहार सरकार के कृषि मंत्री विजय कुमार सिन्हा ने एक्स पर लिखा कि प्रधानमंत्री ने देश की 7.8 प्रतिशत जीडीपी वृद्धि दर पर देशवासियों को बधाई दी है और इसका श्रेय 140 करोड़ भारतीयों की मेहनत, संकल्प और सामूहिक शक्ति को दिया है।

उन्होंने कहा कि वैश्विक युद्ध, आर्थिक अनिश्चितता और सप्लाई चेन संकट के बीच भारत की तेज आर्थिक प्रगति उल्लेखनीय है।

प्रधानमंत्री ने आत्मनिर्भर भारत, स्वदेशी, 'वोकल फॉर लोकल' और 'मेड इन इंडिया' को अपनाने का आह्वान किया है। सही नीति, साफ नीयत और देशवासियों की एकजुटता से वर्ष 2047 तक विकसित भारत का संकल्प साकार होगा।

भाजपा प्रदेश अध्‍यक्ष संजय सरावगी ने जीडीपी में 7.8 प्रतिशत की वृद्धि को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में देश की मजबूत आर्थिक बुनियाद, प्रभावी नीतियों और बढ़ते वैश्विक विश्वास का प्रमाण बताया है।
मनोज झा ने पूछा- आम आदमी की थाली में कितना दिख रहा विकास?

वहीं, राजद सांसद मनोज कुमार झा ने जीडीपी के आंकड़ों को लेकर सरकार पर तंज कसा। उन्होंने कहा कि इन आंकड़ों को संविधान के अनुच्छेद 39 (ए), (बी) और (सी) के नजरिए से भी देखा जाना चाहिए।

उन्होंने दूध, प्याज और चीनी की कीमतों में बढ़ोतरी का मुद्दा उठाते हुए कहा कि चीनी की कीमत में एक महीने में उछाल आया है। सवाल यह है कि इन आंकड़ों का क्या किया जाए, अगर गरीब की थाली में इनका असर दिखाई नहीं दे रहा है।

मनोज झा ने कहा कि निम्न आय वर्ग और मध्यम वर्ग की स्थिति में अगर बदलाव नहीं हो रहा है तो केवल जीडीपी के आंकड़ों के आधार पर अपनी पीठ थपथपाने से पहले ठहरकर और संयम के साथ बात करनी चाहिए।

उनके मुताबिक विकास का आकलन इस आधार पर भी होना चाहिए कि उसका लाभ समाज के कमजोर और मध्यम वर्ग तक कितना पहुंच रहा है।

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