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मध्य प्रदेश में बढ़ने लगी ठंडक, सुबह की गुनगुनी धूप दे रही राहत; बारिश को लेकर आया अपडेट

भोपाल  उत्तरी हवा से वातावरण में ठंडक का अहसास अब धीरे-धीरे होने लगा है। सर्दी के आगमन के बीच सुबह की गुनगुनी धूप अब लोगों को भाने लगी है। मौसम के इस बदलते मिजाज से ये संभावना जताई जा रही है आगामी दिनों में ठंड का असर बढ़ सकता है। मौसम विभाग के अनुसार, पहाड़ों…

मध्य प्रदेश में बढ़ने लगी ठंडक, सुबह की गुनगुनी धूप दे रही राहत; बारिश को लेकर आया अपडेट

भोपाल 
उत्तरी हवा से वातावरण में ठंडक का अहसास अब धीरे-धीरे होने लगा है। सर्दी के आगमन के बीच सुबह की गुनगुनी धूप अब लोगों को भाने लगी है। मौसम के इस बदलते मिजाज से ये संभावना जताई जा रही है आगामी दिनों में ठंड का असर बढ़ सकता है।

मौसम विभाग के अनुसार, पहाड़ों में नया पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय होने वाला है। इसके प्रभाव से पंजाब, हरियाणा, दिल्ली, राजस्थान एवं पश्चिमी उत्तर प्रदेश में बारिश की संभावना है। जबलपुर सहित आस-पास का मौसम भी आंशिक रूप से प्रभावित हो सकता है। इसके बाद जबलपुर सहित मप्र में भी ठंड का असर तेजी से बढ़ सकता है।

फिलहाल मौसम पूरी तरह से शुष्क है। सुबह और रात में हल्की ठंडक का अहसास हो रहा है वहीं दिन में धूप निकल रही है। सात से 12 अक्टूबर तक आंशिक रूप से मौसम में बदलाव देखा जा सकेगा।

इंदौर में रात का तापमान सबसे कम प्रदेश से 3 अक्टूबर को ही मानसून लौट चुका है, लेकिन चक्रवात, पश्चिमी विक्षोभ की वजह से बारिश का दौर जारी रहने का अनुमान है। हालांकि, दिन में तेज धूप खिल रही है। इससे अधिकतम तापमान 37 डिग्री से ऊपर चल रहा है। दूसरी ओर, रात में ठंडक बढ़ गई है। बीती रात इंदौर में सबसे कम 17.2 डिग्री, बैतूल में 17.5 डिग्री, छिंदवाड़ा में 17.6 डिग्री, पचमढ़ी में 18 डिग्री और अमरकंटक में 18.2 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया।

मौसम विशेषज्ञ शैलेंद्र कुमार नायक ने बताया, पिछले 10 साल के आंकड़ों पर नजर दौड़ाए तो अक्टूबर में बारिश, गर्मी और ठंड का ट्रेंड है। इस बार भी ऐसा ही होने का अनुमान है। अक्टूबर की शुरुआत में ही मौसम साफ हो गया और धूप खिल गई। वहीं, रात में ठंडक है।

इस बार सामान्य से कम हुई बारिश बता दें कि इस बार प्रदेश में दक्षिण-पश्चिम मानसून 100 दिन सक्रिय रहा। 24 जून को यह एंटर हुआ था और 3 अक्टूबर को पूरे प्रदेश से विदाई ले ली।

इस बार कम पानी गिरा, 30 जिलों में असर दक्षिण-पश्चिम मानसून के दौरान प्रदेश में कुल 908.4 मिमी यानी, 35.8 इंच (95.9 प्रतिशत) बारिश हुई। यह सामान्य बारिश 37.3 इंच (949.5 मिमी) की तुलना में 1.5 इंच कम है। वहीं, ओवरऑल 4 प्रतिशत कम पानी गिरा। पूर्वी हिस्से में 4% ज्यादा और पश्चिमी हिस्से में औसत से 12% बारिश कम हुई है।

प्रदेश के पूर्वी हिस्से- जबलपुर, रीवा, सागर और शहडोल संभाग में आंकड़ा चार प्रतिशत ज्यादा है। अधिकांश जिलों में कोटे से ज्यादा पानी गिर चुका है, लेकिन बालाघाट, छिंदवाड़ा, दमोह, जबलपुर, नरसिंहपुर, पांढुर्णा, रीवा, सागर, सिवनी में 5% से 21% तक कम बारिश हुई है।

वहीं, पश्चिमी हिस्से के आलीराजपुर, अशोकनगर, बड़वानी, बैतूल, देवास, धार, हरदा, इंदौर, झाबुआ, खंडवा, मंदसौर, मुरैना, नर्मदापुरम, नीमच, रायसेन, रतलाम, सीहोर, शाजापुर, उज्जैन और विदिशा में औसत से 9% से 51% कम पानी गिरा है।

इन 25 जिलों में कोटा फुल भोपाल, राजगढ़, बुरहानपुर, खरगोन, कटनी, मंडला, डिंडौरी, ग्वालियर, गुना, दतिया, पन्ना, छतरपुर, टीकमगढ़, निवाड़ी, मैहर, आगर-मालवा, भिंड, श्योपुर, सिंगरौली, सीधी, सतना, मऊगंज, शहडोल, उमरिया और अनूपपुर में बारिश का कोटा पूरा हो चुका है।

बाकी 30 जिलों में कम बारिश हुई। इनमें नरसिंहपुर, दमोह, बालाघाट, अशोकनगर, मुरैना, मंदसौर, खंडवा, बड़वानी, नीमच, जबलपुर, रीवा, सागर, देवास, सिवनी, सीहोर, शिवपुरी, रायसेन, छिंदवाड़ा, विदिशा, शाजापुर, पांढुर्णा, इंदौर, उज्जैन, बैतूल, हरदा, नर्मदापुरम, रतलाम, झाबुआ, धार और आलीराजपुर शामिल हैं।

तापमान 21 डिग्री के आसपास

फिलहाल दिन का तापमान जहां 32 डिग्री के ऊपर बना हुआ है वहीं रात का न्यूनतम तापमान 20-21 डिग्री के आसपास बना हुआ है। सोमवार को हवा का रुख उत्तर-पश्चिमी रहा। अधिकतम तापमान 34.0 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जबकि न्यूनतम तापमान 21.5 डिग्री सेल्सियस रहा।

मौसम का पूर्वानुमान

मौसम शुष्क रहेगा

सूर्योदय- 6: 04

सूर्यास्त- 5: 53

तापमान अधिकतम -34.0

न्यूनतम – 21.5

आर्दता-66 -45

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