कोलकाता/ नई दिल्ली
केंद्र सरकार ने नागरिकता संशोधन कानून (CAA) के तहत भारतीय नागरिकता पाने की प्रक्रिया को और सख्त कर दिया है. गृह मंत्रालय ने सोमवार को एक नया नोटिफिकेशन जारी कर पाकिस्तान, बांग्लादेश और अफगानिस्तान से आए धार्मिक अल्पसंख्यक आवेदकों के लिए अतिरिक्त खुलासे अनिवार्य कर दिए. अब इन देशों से भारत आने वाले हिंदू, सिख, जैन, बौद्ध और पारसी समुदाय के लोगों को यह बताना होगा कि उनके पास इन देशों का कोई वैध या एक्सपायर्ड पासपोर्ट है या नहीं. अगर पासपोर्ट है, तो उसकी पूरी जानकारी देनी होगी और भारतीय नागरिकता मिलने के 15 दिन के भीतर उसे सरेंडर भी करना पड़ेगा।
गृह मंत्रालय के इस फैसले को CAA प्रक्रिया में पारदर्शिता और सुरक्षा बढ़ाने की दिशा में बड़ा कदम माना जा रहा है. अधिकारियों के मुताबिक, हाल के दिनों में ऐसे कई मामले सामने आए थे, जिनमें कुछ आवेदकों के पास पुराने या अमान्य विदेशी पासपोर्ट पाए गए. भारतीय कानून के तहत दोहरी नागरिकता और दो पासपोर्ट रखने की अनुमति नहीं है. ऐसे में सरकार अब यह सुनिश्चित करना चाहती है कि भारत की नागरिकता मिलने के बाद कोई व्यक्ति दूसरे देश की पहचान या दस्तावेज का इस्तेमाल न कर सके।
CAA का क्या है नया नियम?
नए नियमों के मुताबिक, हर आवेदक को शपथ पत्र के जरिए यह घोषित करना होगा कि उसके पास पाकिस्तान, बांग्लादेश या अफगानिस्तान सरकार की ओर से जारी कोई वैध या एक्सपायर्ड पासपोर्ट नहीं है. अगर किसी के पास ऐसा दस्तावेज है, तो उसे पासपोर्ट नंबर, जारी करने की जगह, जारी होने की तारीख और एक्सपायरी डेट जैसी पूरी जानकारी देनी होगी. इसके बाद नागरिकता मंजूर होने पर 15 दिनों के भीतर वह पासपोर्ट संबंधित देश के दूतावास या उचित प्राधिकरण के पास जमा करना होगा।
क्यों हुआ यह बदलाव?
दरअसल 2019 में पारित नागरिकता संशोधन कानून का उद्देश्य पाकिस्तान, बांग्लादेश और अफगानिस्तान में धार्मिक उत्पीड़न का सामना कर भारत आए छह अल्पसंख्यक समुदायों को भारतीय नागरिकता देने का रास्ता आसान बनाना था. इनमें हिंदू, सिख, जैन, बौद्ध, पारसी और ईसाई समुदाय शामिल हैं. केंद्र सरकार ने 2024 में इस कानून को लागू करने के लिए नियम अधिसूचित किए थे और अब उन्हीं नियमों में संशोधन कर यह नई शर्त जोड़ी गई है।
सरकार का कहना है कि यह कदम राष्ट्रीय सुरक्षा और कानूनी व्यवस्था को मजबूत करने के लिए जरूरी है. अधिकारियों के अनुसार, कई बार देखा गया कि आवेदक भारत में नागरिकता की प्रक्रिया पूरी होने के बावजूद पुराने विदेशी दस्तावेज अपने पास रखते हैं. इससे पहचान, यात्रा और कानूनी स्थिति को लेकर भ्रम की स्थिति बन सकती है. ऐसे मामलों को रोकने के लिए अब सरकार ने पासपोर्ट सरेंडर को अनिवार्य बना दिया है।
क्या होगा असर?
ये नई अधिसूचना ऐसे समय आई है जब भारत की सीमाओं पर अवैध घुसपैठ, फर्जी दस्तावेज और नागरिकता से जुड़े मुद्दे लगातार राजनीतिक बहस का हिस्सा बने हुए हैं. खासकर बांग्लादेश और पाकिस्तान से आने वाले लोगों को लेकर सुरक्षा एजेंसियां लंबे समय से सतर्क रही हैं. ऐसे में सरकार अब नागरिकता प्रक्रिया में दस्तावेजों की जांच और खुलासे को ज्यादा सख्त बनाना चाहती है।
इस नए नियम के बाद CAA के तहत आवेदन करने वालों की जांच प्रक्रिया और लंबी तथा कड़ी हो सकती है. आवेदकों को अब अपने पुराने दस्तावेजों का पूरा रिकॉर्ड देना होगा. साथ ही नागरिकता मिलने के बाद विदेशी पासपोर्ट रखने पर कानूनी कार्रवाई भी संभव होगी।
CAA नियमों में बड़ा बदलाव, पाकिस्तान-बांग्लादेश से हिंदुओं की भारत एंट्री पर सख्ती
कोलकाता/ नई दिल्ली केंद्र सरकार ने नागरिकता संशोधन कानून (CAA) के तहत भारतीय नागरिकता पाने की प्रक्रिया को और सख्त कर दिया है. गृह मंत्रालय ने सोमवार को एक नया नोटिफिकेशन जारी कर पाकिस्तान, बांग्लादेश और अफगानिस्तान से आए धार्मिक अल्पसंख्यक आवेदकों के लिए अतिरिक्त खुलासे अनिवार्य कर दिए. अब इन देशों से भारत आने…

Previous Post
Next Post
Latest News

Stay Connected
Categories
featured top-news Uncategorized इंदौर उत्तर प्रदेश खेल ग्वालियर छत्तीसगढ़ जबलपुर देश धर्म ज्योतिष पंजाब बिलासपुर बिहार/झारखण्ड बिज़नेस भोपाल मध्य प्रदेश मनोरंजन राजनीतिक राजस्थान राज्य रायपुर लाइफस्टाइल विदेश हरियाणा
Tags
8th Pay Commission Accident Asian Games 2026 Astrology BJP Chief Minister Dr. Yadav CM Sai CM yogi court Election EPFO featured gold High Court india jobs Kanwar Yatra lpg modi Mohan Monsoon PM Modi police Punjab Railway rain Rashifal Recipe road school SIR Stock Market Supreme Court TMC top-news train Trump vastu tips vijay vishnu Vishnu Deo Sai water Weather yogi Yogi government
About the Author

GoodDoo News
Your trusted source for unbiased, timely news. We cover national and global updates, politics, business, social issues, and inspiring stories. Stay informed with accurate reporting and impactful stories that matter.

Search the Archives
Access over the years of investigative journalism and breaking reports
You May Have Missed












