,

निशांत समेत 8 नामों का ऐलान, सामाजिक समीकरण साधने में जुटा एनडीए

पटना बिहार विधान परिषद की एक सीट पर उपचुनाव और 9 सीटों पर चुनाव को लेकर एनडीए ने आठ उम्मीदवारों के नाम की घोषणा कर दी है। एनडीए के दोनों प्रमुख दलों जदयू और भाजपा ने अपने-अपने कोर वोटरों का पूरा ध्यान रखा है। इन आठ उम्मीदवारों में पांच अतिपिछड़ा समाज से जबकि तीन महिलाएं…

निशांत समेत 8 नामों का ऐलान, सामाजिक समीकरण साधने में जुटा एनडीए

पटना

बिहार विधान परिषद की एक सीट पर उपचुनाव और 9 सीटों पर चुनाव को लेकर एनडीए ने आठ उम्मीदवारों के नाम की घोषणा कर दी है। एनडीए के दोनों प्रमुख दलों जदयू और भाजपा ने अपने-अपने कोर वोटरों का पूरा ध्यान रखा है। इन आठ उम्मीदवारों में पांच अतिपिछड़ा समाज से जबकि तीन महिलाएं हैं। जदयू ने तीन जबकि भाजपा ने दो अतिपिछड़ों को मौका दिया है। भाजपा ने अपने हिस्से की चार सीटों में से दो सवर्णों के हवाले किया है। घोषित उम्मीदवारों में भाजपा के संजय मयूख को छोड़कर निशांत समेत शेष सात उम्मीदवार पहली बार विधान परिषद जाएंगे। एनडीए की ओर से 9वीं सीट पर मंत्री दीपक प्रकाश का भी विधान परिषद जाना तय है। जल्द ही रालोमो उनकी उम्मीदवारी की घोषणा करेगी।

जदयू ने उम्मीदवारों के चयन में आधार वोट के साथ क्षेत्रीय संतुलन को भी साधा है। जदयू की सबसे बड़ी ताकत मानी जाने वाली आधी आबादी को आधी हिस्सेदारी दी गयी है। पार्टी के चार उम्मीदवारों में एक पिछड़ा तो तीन अति पिछड़ा हैं। इनमें एक कुर्मी, एक नोनिया, एक कुम्हार और एक धानुक जाति से हैं।

भाजपा प्रत्याशियों में दो सवर्ण और दो अतिपिछड़ा हैं। सवर्ण में एक राजपूत तो एक कायस्थ हैं जबकि अतिपिछड़ा में एक नाई और दूसरी प्रजापति हैं। चार में एक महिला को भी है। इनमें तीन पहली बार तो एक तीसरी बार विधान परिषद के सदस्य बनेंगे। जदयू की सूची में पहला नाम निशांत का है। उन्हें जदयू का अगला चेहरा माना जा रहा है। डॉ. भारती मेहता बीते 25 वर्षों से जदयू के लिए काम कर रही हैं। इस समय जदयू महिला प्रकोष्ठ की प्रदेश अध्यक्ष हैं। वह संस्कृत शिक्षा बोर्ड की अध्यक्ष रह चुकी हैं। वहीं, शिवरानी प्रजापति 20 वर्षों से पार्टी में सक्रिय हैं। वे बेतिया जिला परिषद अध्यक्ष रह चुकी हैं। अति पिछड़ी वर्ग में कुम्हार जाति से आती हैं। ललन प्रसाद समता पार्टी के समय से यानी लगभग 32 वर्षों से पार्टी के काम में जुटे हैं। अति पिछड़ा वर्ग के धानुक जाति से आते हैं।

भोजपुरी सिने स्टार पवन सिंह काराकाट से निर्दलीय लोकसभा चुनाव लड़े थे। हाल के दिनों में पवन सिंह की मुलाकात भाजपा के शीर्ष नेताओं से हुई थी। उसी समय से कयास लगाया जा रहा था कि पवन सिंह को कुछ अहम जिम्मेवारी दी जाएगी। वहीं, डॉ. संजय मयूख को एक बार फिर उम्मीदवार बनाया गया है। वे लगातार तीसरी बार उच्च सदन के सदस्य होंगे। इसके पहले पार्टी ने गंगा प्रसाद और मंगल पांडेय को लगातार तीन बार विधान परिषद भेजा था। अनिल कुमार ठाकुर अतिपिछड़ा वर्ग में नाई जाति से आते हैं। वे अभी पार्टी के प्रदेश उपाध्यक्ष हैं। वहीं शीला पंडित (प्रजापति) अभी बाल संरक्षण आयोग की सदस्य हैं। वह डॉ. संजय जायसवाल के प्रदेश अध्यक्ष रहते प्रदेश मंत्री और सम्राट चौधरी के साथ प्रदेश उपाध्यक्ष के तौर पर काम कर चुकी हैं।

About the Author

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

About the Author

GoodDoo News

Your trusted source for unbiased, timely news. We cover national and global updates, politics, business, social issues, and inspiring stories. Stay informed with accurate reporting and impactful stories that matter.

Search the Archives

Access over the years of investigative journalism and breaking reports