नई दिल्ली
भारतीय क्रिकेट टीम के उभरते हुए स्टार सलामी बल्लेबाज यशस्वी जायसवाल को इंग्लैंड के खिलाफ आगामी वनडे सीरीज के लिए भारतीय स्क्वाड में जगह नहीं मिली है। सीनियर खिलाड़ियों की टीम में वापसी के चलते जायसवाल को टीम से बाहर का रास्ता देखना पड़ा। चयनकर्ताओं का यह फैसला फैंस और क्रिकेट दिग्गजों के गले नहीं उतर रहा है, क्योंकि जायसवाल ने अपने पिछले ही वनडे मैच में शानदार शतक जड़ा था। जायसवाल को ड्रॉप किए जाने पर अब कांग्रेस सांसद और क्रिकेट प्रेमी शशि थरूर का बड़ा बयान सामने आया है। उन्होंने सोशल मीडिया पर पोस्ट शेयर कर चयनकर्ताओं के इस फैसले पर तीखा तंज कसा है और जायसवाल की स्थिति की तुलना संजू सैमसन से की है।
शशि थरूर ने क्या कहा?
शशि थरूर ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर जायसवाल के समर्थन में पोस्ट करते हुए लिखा, 'भारत में इस समय टॉप-ऑर्डर का बल्लेबाज होना कितना कठिन काम है! जायसवाल ठीक उसी दौर और अनुभव से गुजर रहे हैं जिससे 2024-25 में संजू सैमसन गुजरे थे— यानी ठीक एक मैच पहले शतक बनाने के बाद अगले ही वनडे मैच से ड्रॉप कर दिया जाना। यह उतना ही बुरा है जितना 1960 के दशक में एक विश्व स्तरीय स्पिनर होना था (जब भारतीय टीम में स्पिनरों की भारी भरकम जगह के कारण कई दिग्गजों को मौका नहीं मिलता था)!'
पिछले मैच में ठोका था 110 रनों का दमदार शतक
यशस्वी जायसवाल को टीम से बाहर करना इसलिए भी हैरान करने वाला है क्योंकि उन्होंने अफगानिस्तान के खिलाफ हाल ही में समाप्त हुई वनडे सीरीज के तीसरे और आखिरी मुकाबले में 110 रनों की विस्फोटक शतकीय पारी खेली थी। अपनी इस पारी से उन्होंने साबित किया था कि वह वनडे फॉर्मेट में भी टीम के लिए कितने बड़े मैच विनर बन सकते हैं। हालांकि, इंग्लैंड जैसी मजबूत टीम के खिलाफ सीरीज के लिए जैसे ही सीनियर खिलाड़ियों की स्क्वाड में वापसी हुई, युवाओं में सबसे पहला गाज जायसवाल पर गिरा।
संजू सैमसन के पुराने जख्म हुए ताजा
शशि थरूर ने अपने पोस्ट के जरिए केरल के विकेटकीपर बल्लेबाज संजू सैमसन के साथ हुए पुराने वाकये को याद दिलाया। साल 2024-25 के दौरान संजू सैमसन ने भी वनडे क्रिकेट में शानदार शतक जड़ा था, लेकिन उसके ठीक बाद सीनियर खिलाड़ियों की वापसी या टीम कॉम्बिनेशन के नाम पर उन्हें अगले ही मैच की टीम से बाहर कर दिया गया था। अब ठीक वैसा ही बर्ताव 24 वर्षीय यशस्वी जायसवाल के साथ दोहराया गया है। हालांकि संजू सैमसन लंबे समय से भारतीय टी20 टीम का हिस्सा हैं और उन्होंने भारत के लिए दो टी20 वर्ल्ड कप भी जीत लिए हैं।
















