पटना
पटना के बांकीपुर विधानसभा सीट के उपचुनाव को लेकर तारीख का ऐलान कर दिया गया है। चुनाव आयोग ने बताया है कि बांकीपुर विधानसभा सीट पर 30 जुलाई को मतदान होगा। गुरुवार को चुनाव आयोग ने तीन राज्यों की तीन सीटों के उपचुनावों की घोषणा की। इनमें बिहार के बांकीपुर विधानसभा क्षेत्र का उपचुनाव 30 सितंबर 2025 को किए गए मतदाता सूची के अंतिम प्रकाशन के आधार पर होगा। यह सीट भाजपा के नीतिन नवीन के इस्तीफे के कारण खाली हुई है।
आयोग के अनुसार 6 जुलाई को उपचुनाव की अधिसूचना जारी होगी और नामांकन की प्रक्रिया शुरू हो जाएगी। 13 जुलाई तक नामांकन पत्र दाखिल होगा। 14 जुलाई को नामांकन पत्रों की जांच होगी। जबकि, 16 जुलाई तक नामांकन पत्र वापस लेने की अंतिम तिथि निर्धारित की गई है। 30 जुलाई को मतदान होगा और 3 अगस्त को मतगणना के बाद चुनाव परिणाम जारी कर दिया जाएगा।
बांकीपुर विधानसभा सीट मुख्य तौर से बीजेपी और नितिन नवीन का अभेद किला माना जाता है। इस सीट से बीजेपी के मौजूदा राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन जीत का परचम लहराते आए हैं। नितिन नवीन अब राज्यसभा सांसद बन गए हैं लिहाजा उन्होंने यह सीट छोड़ दी थी। नितिन नवीन के सीट छोड़ने के बाद इस सीट पर अब उपचुनाव होंगे। पटना की एक अहम विधानसभा सीट कही जाने वाली बांकीपुर विधानसभा सीट पर दिलचस्प मुकाबला होने की उम्मीद है।
तेज प्रताप यादव ने वीणा मानवी को बनाया है उम्मीदवार
बिहार में जनशक्ति जनता दल अध्यक्ष तेज प्रताप यादव ने पटना की सामाजिक कार्यकर्ता वीणा मानवी को बांकीपुर विधानसभा सीट पर होने वाले उपचुनाव के लिए अपनी पार्टी का उम्मीदवार घोषित किया है। जेजेडी पहली पार्टी है जिसने इस सीट पर कुछ दिनों पहले अपने उम्मीदवार का ऐलान किया था। पार्टी प्रत्याशी का ऐलान करते हुए तेजप्रताप यादव ने विश्वास जताया था कि उनकी नवगठित पार्टी कई दशकों से भाजपा का गढ़ रही इस सीट पर सत्तारूढ़ राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (राजग) को कड़ी चुनौती देगी। तेज प्रताप यादव ने कहा था कि वीणा मानवी एक सामाजिक कार्यकर्ता के रूप में बांकीपुर विधानसभा क्षेत्र के लोगों के लिए लगातार काम करती रही हैं। वह आधी आबादी का प्रतिनिधित्व करने के साथ-साथ वैश्य समुदाय से भी आती हैं, जिस पर भाजपा हमेशा विशेष ध्यान देती रही है।
जनसुराज भी मैदान में उतरने को तैयार
इस सीट पर जनसुराज पार्टी भी ताल ठोकने के लिए बेकरार है। ऐसा कहा जा रहा है कि इस सीट पर जनसुराज पार्टी अपना उम्मीदवार उतारेगी। हालांकि, अटकलें तो यह भी हैं कि खुद प्रशांत किशोर इस सीट से अपनी किस्मत आजमा सकते हैं। प्रशांत किशोर बांकीपुर विधानसभा सीट को लेकर लगातार अपने बयानों से बीजेपी को घेर भी रहे हैं। एक बयान में प्रशांत किशोर ने यह भी दावा किया था कि इस सीट से बीजेपी को सिर्फ जनसुराज ही हरा सकती हैं।
बता दें कि पिछले साल हुए विधानसभा चुनाव में नितिन नवीन ने लगातार पांचवीं बार इस सीट पर जीत दर्ज की थी। उन्होंने अपने निकटतम राजद प्रतिद्वंद्वी को लगभग 50 हजार मतों के बड़े अंतर से हराया था। अप्रैल में नितिन नवीन के सीट छोड़ने के बाद जन सुराज पार्टी के संस्थापक प्रशांत किशोर ने घोषणा की थी कि उनकी पार्टी भाजपा से यह सीट छीनने के लिए पूरी ताकत लगाएगी। किशोर ने इसे राज्य की सम्राट चौधरी सरकार पर जनमत संग्रह जैसा बताया था। विधानसभा चुनाव में अपेक्षित सफलता नहीं मिलने के बाद संगठन को फिर से सक्रिय करने में जुटे किशोर ने यह भी कहा था कि यदि पार्टी के भीतर सहमति बनी तो वह स्वयं भी इस सीट से चुनाव लड़ने के इच्छुक हैं। जब तेज प्रताप यादव से पूछा गया था कि क्या वह प्रशांत किशोर को अपनी पार्टी के लिए चुनौती मानते हैं, तो उन्होंने कहा था कि हर किसी का स्वागत है। सभी अपनी किस्मत आजमा सकते हैं। हम किसी को रोक नहीं रहे हैं।
















