रिटेल के बाद थोक महंगाई में उछाल, महंगाई के मोर्चे पर बढ़ा दबाव

 नई दिल्ली देश में महंगाई का 'डबल अटैक' (Inflation Double Attack) हुआ है. खुदरा महंगाई के बाद अब थोक महंगाई दर भी उम्मीद से ज्यादा बढ़ी है. मंगलवार को सरकार की ओर से जून का WPI Data जारी किया गया और आंकड़ों के मुताबिक, थोक महंगाई जून में बढ़कर 9.87% पर जा पहुंची, जो इससे…

रिटेल के बाद थोक महंगाई में उछाल, महंगाई के मोर्चे पर बढ़ा दबाव

 नई दिल्ली
देश में महंगाई का 'डबल अटैक' (Inflation Double Attack) हुआ है. खुदरा महंगाई के बाद अब थोक महंगाई दर भी उम्मीद से ज्यादा बढ़ी है. मंगलवार को सरकार की ओर से जून का WPI Data जारी किया गया और आंकड़ों के मुताबिक, थोक महंगाई जून में बढ़कर 9.87% पर जा पहुंची, जो इससे पहले मई महीने में 9.68% थी. होलसेल महंगाई बढ़ने में सबसे बड़ा रोल खाद्य पदार्थों की कीमतों में इजाफा और कई प्रमुख औद्योगिक कैटेगरी में प्राइस हाइक का रहा है। 

अनुमान से ज्यादा बढ़ गई महंगाई
वाणिज्य और उद्योग मंत्रालय द्वारा मंगलवार को जारी आधिकारिक आंकड़े देश में थोक महंगाई को लेकर तमाम अर्थशास्त्रियों के अनुमानों से ज्यादा हैं. रॉयटर्स द्वारा किए गए अर्थशास्त्रियों के सर्वे में इसके 9.15% तक रहने का अनुमान लगाया गया था. सरकार की ओर से बताया गया कि थोक महंगाई में इजाफा मुख्य रूप से खाद्य पदार्थों, खनिज तेल, बुनियादी धातुओं, रसायनों और रासायनिक उत्पादों के निर्माण की बढ़ती लागत के कारण हुआ है। 

खाने-पीने की चीजों का असर
सरकारी आंकड़ों के मुताबिक, खाद्य सूचकांक जून में बढ़कर 6.14% हो गया, जो मई में 4.49% था, जो कि खाद्य पदार्थों की कीमतों में तेज बढ़ोतरी को दर्शाता है. खाद्य पदार्थों की कीमतों में महीने दर महीने 3.75% की बढ़ोतरी देखने को मिली है, जबकि जबकि गैर-खाद्य पदार्थों की कीमतों में 1.43% का इजाफा हुआ। 

मैन्युफैक्चर्ड प्रोडक्ट्स के तहत 24 विनिर्माण समूहों में से 22 समूहों की कीमतों में हर महीने बढ़ोतरी दर्ज की जा रही है. सबसे अधिक इजाफा बुनियादी धातुओं, रसायनों और रासायनिक उत्पादों, खाद्य उत्पादों, मशीनरी और उपकरणों में देखने को मिला है। 

ईंधन, बिजली और दवाएं सस्ती 
दवाइयों, औषधीय रसायनों और वनस्पति प्रोडक्ट्स की कीमतों में गिरावट आई. जबकि ईंधन और बिजली का सूचकांक 113.0 से घटकर 111.1 हो गया. मिनरल ऑयल की सालाना महंगाई दर 46.48 प्रतिशत दर्ज की गई. इसके अलावा बेसिक मेटल्स में महंगाई दर 12.31%, इलेक्ट्रिकल उपकरणों पर महंगाई दर 11.03% और टेक्सटाइल्स पर 10.85% रिकॉर्ड की गई।  

खुदरा महंगाई RBI के टारगेट से ऊपर
इससे पहले सोमवार को सरकार ने खुदरा महंगाई दर का डेटा जारी किया था. जून में खुदरा महंगाई तेजी से बढ़ते हुए भारतीय रिजर्व बैंक यानी RBI के तय 4% के टारगेट के पार निकल गई है. CPI Data पर नजर डालें तो महंगाई 4.38% हो गई है. ये लगातार छठा महीने है, जबकि महंगाई दर में बढ़ोतरी हुई है. इससे पहले मई महीने में भी इसमें बढ़ोतरी देखने को मिली थी। 

About the Author

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

About the Author

GoodDoo News

Your trusted source for unbiased, timely news. We cover national and global updates, politics, business, social issues, and inspiring stories. Stay informed with accurate reporting and impactful stories that matter.

Search the Archives

Access over the years of investigative journalism and breaking reports