,

दतिया उपचुनाव: बीजेपी ने शक्ति केंद्रों पर उतारे दिग्गज, दो-दो नेताओं को सौंपी अहम जिम्मेदारी

दतिया  दतिया विधानसभा उपचुनाव को लेकर भाजपा ने जातीय समीकरणों के हिसाब से चुनावी रणनीति तैयार कर ली है। विधानसभा का 20 से 24 जुलाई तक चलने वाला मानसून सत्र समाप्त होते ही सरकार और संगठन पूरी ताकत के साथ चुनाव प्रचार में उतरेंगे। पार्टी अलग-अलग समाजों में प्रभाव रखने वाले मंत्रियों और वरिष्ठ नेताओं…

दतिया उपचुनाव: बीजेपी ने शक्ति केंद्रों पर उतारे दिग्गज, दो-दो नेताओं को सौंपी अहम जिम्मेदारी

दतिया 

दतिया विधानसभा उपचुनाव को लेकर भाजपा ने जातीय समीकरणों के हिसाब से चुनावी रणनीति तैयार कर ली है। विधानसभा का 20 से 24 जुलाई तक चलने वाला मानसून सत्र समाप्त होते ही सरकार और संगठन पूरी ताकत के साथ चुनाव प्रचार में उतरेंगे। पार्टी अलग-अलग समाजों में प्रभाव रखने वाले मंत्रियों और वरिष्ठ नेताओं को उसी वर्ग के मतदाताओं के बीच प्रचार की जिम्मेदारी सौंपेगी, ताकि अधिक से अधिक वोट अपने पक्ष में किए जा सकें।  

दतिया विधानसभा सीट पर सबसे ज्यादा प्रभाव अनुसूचित जाति, ब्राह्मण और काछी-कुशवाह समाज का माना जाता है। राजनीतिक जानकारों के अनुसार इन्हीं वर्गों के मतदाता चुनाव परिणाम तय करने में अहम भूमिका निभाते हैं। भाजपा ने भी अपनी रणनीति का केंद्र इन्हीं समाजों को बनाया है। पार्टी को सबसे बड़ी चुनौती ब्राह्मण मतदाताओं को एकजुट रखने की है। पूर्व गृह मंत्री डॉ. नरोत्तम मिश्रा का इस समाज में मजबूत प्रभाव माना जाता रहा है। ऐसे में भाजपा उम्मीदवार आशुतोष तिवारी के पक्ष में ब्राह्मण वोटों को बनाए रखने के लिए पार्टी ने विशेष रणनीति बनाई है। इसी कारण उपमुख्यमंत्री राजेंद्र शुक्ल, मंत्री राकेश शुक्ल सहित कई ब्राह्मण नेताओं को प्रचार अभियान में सक्रिय भूमिका दी जाएगी। अनुसूचित जाति वर्ग के मतदाताओं तक पहुंच बनाने के लिए उपमुख्यमंत्री जगदीश देवड़ा, मंत्री तुलसी सिलावट और दिलीप अहिरवार को चुनाव प्रचार में उतारने की तैयारी है। 

दिग्गज दतिया में 5-5 बूथ संभालेंगे
बीजेपी ने दतिया विधानसभा के उपचुनाव को जीतने के लिए एक तरफ कार्यकर्ताओं को साधने और दूसरी तरफ प्रचार अभियान के लिए प्रदेश अध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल, प्रदेश प्रभारी डॉ महेन्द्र सिंह से लेकर तमाम मंत्रियों और सीनियर लीडर्स को जिम्मेदारी दी है वहीं, चुनाव जीतने के लिए माइक्रो मैनेजमेंट पर पूर्व मंत्रियों, पूर्व विधायकों से लेकर संगठन के पदाधिकारियों को शक्ति केन्द्रों की जिम्मेदारी दी है।

बीजेपी ने पूर्व मंत्रियों, पूर्व विधायकों और वरिष्ठ नेताओं सहित अनुभवी कार्यकर्ताओं को अलग-अलग शक्ति केंद्रों की जिम्मेदारी सौंप दी है। प्रत्येक शक्ति केंद्र में एक प्रभारी और एक संगठक नियुक्त किया गया है। एक शक्ति केंद्र के अंतर्गत चार से छह बूथ शामिल किए गए हैं, जिनके संचालन, समन्वय और संगठनात्मक गतिविधियों की जिम्मेदारी इन्हीं नेताओं पर रहेगी। यानी औसतन 5 बूथों पर दो दिग्गजों को कमान दी गई है।

अनुभवी नेताओं को दी शक्ति केन्द्रों की कमान
जिला भाजपा की ओर से जारी सूची के अनुसार दतिया नगर, दतिया ग्रामीण, बड़ौनी, भांडेर, इंदरगढ़ और सेंवढ़ा मंडलों के शक्ति केंद्रों के लिए प्रभारी और संगठकों की नियुक्ति की गई है। भाजपा ने चुनावी रणनीति के तहत वरिष्ठ नेताओं के अनुभव का लाभ लेने का फैसला किया है।

कई पूर्व मंत्री, पूर्व विधायक और संगठन के अनुभवी पदाधिकारियों को मैदान में उतारा गया है ताकि बूथ स्तर तक कार्यकर्ताओं के बीच समन्वय बना रहे, मतदाता संपर्क अभियान प्रभावी ढंग से चले और मतदान के दिन बूथ प्रबंधन मजबूत रहे।

शक्ति केंद्र भाजपा के संगठन की महत्वपूर्ण इकाई मानी जाती है। प्रत्येक शक्ति केंद्र में सामान्यतः चार से छह बूथ शामिल रहते हैं। इन बूथों पर संगठनात्मक गतिविधियों, मतदाता संपर्क, कार्यकर्ता समन्वय और चुनावी तैयारियों की निगरानी शक्ति केंद्र प्रभारी और संगठक करेंगे।

मंडल- उदगुवां

    बाजनी- जजपाल सिंह जज्जी (पूर्व विधायक)- अनूप भदौरिया
    दुर्गापुर- दिलवर यादव – सीताराम बाथम
    जिगना- सुरेन्द्र सिंह बघेल – राजेश दुबे
    कमरारी- अशोक शर्मा – रमेश भटेरे (पूर्व विधायक)
    कटीली- रणवीर जाटव (पूर्व विधायक)- गोपाल आचार्य
    खमेरा- सीताराम यादव – दुर्गालाल विजय (पूर्व विधायक)
    नौनेर- ओपीएस भदौरिया(पूर्व मंत्री) – वैभव पंवार(पूर्व प्रदेशाध्यक्ष युवा मोर्चा)
    पठारी- जयसिंह कुशवाह (पूर्व साड़ा अध्यक्ष)- अशोक यादव
    सनौरा- उमेश शुक्ला(पूर्व विधायक) – राजेश सोलंकी
    उदगुवां- धुवनारायण सिंह (पूर्व विधायक) – संजीव कांकर (उपाध्यक्ष नागरिक आपूर्ति निगम)

वहीं पूर्व मंत्री लाल सिंह आर्य को भी अहम जिम्मेदारी मिलने की चर्चा है।
काछी-कुशवाह समाज को साधने के लिए मंत्री नारायण सिंह कुशवाह को दतिया में अधिक समय देने की सलाह दी गई है। इसके अलावा ग्वालियर के सांसद भरत सिंह कुशवाह को पहले ही दतिया उपचुनाव का चुनाव प्रभारी बनाया जा चुका है। यादव, लोधी, पाल और बघेल समाज के बीच प्रचार के लिए मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव, मंत्री प्रहलाद पटेल, धर्मेंद्र लोधी और ऐदल सिंह कंसाना भी सक्रिय रहेंगे। राजनीतिक जानकारों का मानना है कि ब्राह्मण, जाटव-अहिरवार और काछी-कुशवाह समाज इस उपचुनाव में निर्णायक भूमिका निभा सकते हैं। 

दतिया उपचुनाव में भाजपा ने आशुतोष तिवारी को प्रत्याशी बनाया है, जबकि कांग्रेस ने घनश्याम सिंह पर दांव लगाया है। 30 जुलाई को मतदान होगा और 3 अगस्त को मतगणना के बाद परिणाम घोषित किए जाएंगे।

दतिया में किस जाति के कितने वोट
अनुसूचित जाति (जाटव, अहिरवार सहित) : करीब 60 हजार वोटर
ब्राह्मण : करीब 35 हजार वोटर
काछी-कुशवाह : करीब 27 हजार वोटर
बघेल, पाल व क्षेत्रीय समाज : करीब 25 हजार वोटर
यादव : करीब 18 हजार वोटर
वैश्य : करीब 15 हजार वोटर 

 

मंडल- बड़ौनी

    बड़ौनी नगर क्र. 1- अरुण चतुर्वेदी- दीपक भदौरिया
    बड़ौनी नगर क्र. 2- विवेक शर्मा- राकेश गिरी (पूर्व विधायक)
    छता- पुष्येन्द्र प्रताप सिंह- लोकेन्द्र पाराशर (प्रदेश मंत्री भाजपा)
    कुरथरा- प्रहलाद भारती (पूर्व विधायक)- गुड्डन पाठक (पूर्व विधायक)
    मुरैरा- हरीश मेवाफ़रोश- अमरदीप मौर्य पूर्व प्रदेशाध्यक्ष युवा मोर्चा)
    ओरीना- रविन्द्र चौहान- गिर्राज डण्डौतिया (पूर्व विधायक)
    रावरी- कमलेश जाटव (पूर्व विधायक)- उमेश रघुवंशी
    बरगाँय- देवेन्द्र भार्गव- हमीर पटेल

मंडल- सीतापुर

    बड़ौनकलाँ- 1- सुमित पचौरी (पूर्व जिलाध्यक्ष) – जाहर सिंह (पूर्व जिलाध्यक्ष)
    बड़ौनकलाँ- 2- पंकज जोशी (अध्यक्ष खादी ग्रामोद्योग बोर्ड) – जसपाल अरोरा
    उपरांय- 1- दिनेश भार्गव- अशोक जादौन
    उपरांय- 2- मनोज तोमर- सुशील रघुवंशी
    सिरोल- रविन्द्र जाट- पारस जैन (पूर्व मंत्री)
    जनपद वार्ड क्र. 19 (ईंकारा)- तूफान सिंह मीणा- सुरेन्द्र जाट (पूर्व जिलाध्यक्ष)
    जनपद वार्ड क्र.10- लाखन सिंह राणा- कांतदेव सिंह (प्रदेश उपाध्यक्ष भाजपा)

 

मंडल- दतिया नगर
    शक्ति केन्द्र क्र. 1 (वार्ड 4, 5, 6)- सूबेदार सिंह रजौधा (पूर्व विधायक) – अभिलाष मिश्रा
    शक्ति केन्द्र क्र. 2 (वार्ड 7, 8, 9)- राजेन्द्र वर्मा (पूर्व विधायक) – आलोक संजर (पूर्व सांसद)
    शक्ति केन्द्र क्र. 3 (वार्ड क्र. 10,11,12)- अजय शर्मा – जितेन्द्र भदोरिया
    शक्ति केन्द्र क्र. 4 (13, 14, 15 वार्ड)- योगेश पाल गुप्ता (पूर्व जिलाध्यक्ष) – राकेश जादौन
    शक्ति केन्द्र क्र. 5 (वार्ड- 16,17,18)- सुधीर गुप्ता (ग्वालियर)- श्याम सुंदर शर्मा
    शक्ति केन्द्र क्र. 6 (वार्ड 19, 20, 21)- वेदप्रकाश शिवहरे – वीरेन्द्र जैन
    शक्ति केन्द्र क्र. 7 (वार्ड 23, 24, 25)- कमल माखीजानी (पूर्व जिलाध्यक्ष)- महावीर सिंह सिसौदिया
    शक्ति केन्द्र क्र. 8 (वार्ड क्र. 26, 27, 28)- राजेन्द्र सलूजा (पूर्व विधायक)- हरि सिंह यादव
    शक्ति केन्द्र क्र. 9 (वार्ड 29, 30, 35)- संतोष पारीख – सदानंद गौतम (पूर्व जिलाध्यक्ष)

मंडल- दतिया ग्रामीण
    चिरूला- राजू बाथम (पूर्व जिलाध्यक्ष) – नीरज मनोरिया
    राजापुर- शिशुपाल यादव (पूर्व विधायक)- गिरीश द्विवेदी
    वार्ड क्र. 01 व 02- सत्येन्द्र यादव- अशोक नायक
    वार्ड क्र. 03 व 22- रघुराज कंसाना (पूर्व विधायक) – भूपेन्द्र आर्य (पूर्व विधायक)
    वार्ड क्र. 31 व 32- दिनेश शर्मा (पूर्व संभागीय संगठन मंत्री) – मधुसूदन भदौरिया
    वार्ड क्र. 33- अमरीश शर्मा गुड्डू (विधायक)- जितेन्द्र गुर्जर
    वार्ड क्र. 34- मनोज सारैया – के.पी. त्रिपाठी (पूर्व विधायक)
    वार्ड क्र. 36- प्रभुदयाल कुशवाहा (अध्यक्ष कुश कल्याण बोर्ड ) – अभय चौधरी (पूर्व जिलाध्यक्ष)

मंडल- बसई
    बसई- मनोज दुबे- रविन्द्र लोधी
    मकड़ारी- प्रदुम्मनसिंह लोधी (पूर्व विधायक) – रमेश दुबे (पूर्व विधायक)
    बरघुवा- सुरेश सिंह राठखेड़ा (पूर्व मंत्री) – गौरव सिरोठिया
    नयाखेड़ा- संतोष त्यागी – शैलेन्द्र कुशवाह (पूर्व संगठन मंत्री )

About the Author

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

About the Author

GoodDoo News

Your trusted source for unbiased, timely news. We cover national and global updates, politics, business, social issues, and inspiring stories. Stay informed with accurate reporting and impactful stories that matter.

Search the Archives

Access over the years of investigative journalism and breaking reports