भारत की अर्थव्यवस्था को लेकर SBI का बड़ा अनुमान, US-चीन से आगे निकलने की उम्मीद; जानें क्या है वजह

नई दिल्ली भारतीय अर्थव्यवस्था को लेकर एक शानदार रिपोर्ट आई है. एसबीआई रिसर्च (SBI Research) की रिपोर्ट के अनुसार वित्त वर्ष 2026-27 की पहली तिमाही (Q1) में भारत की वास्तविक जीडीपी ग्रोथ लगभग 8% रहने का अनुमान है।  दरअसल, भारतीय अर्थव्यवस्था के लिए एसबीआई रिसर्च की रिपोर्ट बेहद सकारात्मक संकेत है. क्योंकि यह भारतीय रिजर्व…

भारत की अर्थव्यवस्था को लेकर SBI का बड़ा अनुमान, US-चीन से आगे निकलने की उम्मीद; जानें क्या है वजह

नई दिल्ली
भारतीय अर्थव्यवस्था को लेकर एक शानदार रिपोर्ट आई है. एसबीआई रिसर्च (SBI Research) की रिपोर्ट के अनुसार वित्त वर्ष 2026-27 की पहली तिमाही (Q1) में भारत की वास्तविक जीडीपी ग्रोथ लगभग 8% रहने का अनुमान है। 

दरअसल, भारतीय अर्थव्यवस्था के लिए एसबीआई रिसर्च की रिपोर्ट बेहद सकारात्मक संकेत है. क्योंकि यह भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) द्वारा लगाए गए 7% के अनुमान से भी 1 फीसदी ज्यादा है. यह अनुमान न केवल आरबीआई के 7% के पूर्वानुमान से 1 फीसदी अधिक है, बल्कि यह दर्शाता है कि वैश्विक अनिश्चितताओं के बावजूद भारत का आंतरिक आर्थिक आधार कितना मजबूत है। 

आरबीआई के अनुमान से बेहतर प्रदर्शन

एसबीआई रिसर्च ने अपने विस्तृत आकलन के आधार पर इसके 8% तक पहुंचने की संभावना जताई है. रिपोर्ट के अनुसार इस उछाल का सबसे बड़ा कारण भारतीय घरेलू मांग और उपभोक्ता विश्वास है. जून 2026 के आंकड़ों से साफ होता है कि लोग बड़े पैमाने पर खरीदारी और निवेश कर रहे हैं। 

एसबीआई रिसर्च अर्थव्यवस्था के 50 प्रमुख लीडिंग इंडिकेटर्स पर नजर रखता है. इस साल पहली तिमाही में 86% संकेतकों में मजबूती और तेजी दर्ज की गई है. जबकि पिछले साल की इसी अवधि में यह आंकड़ा करीब 69% था, जिससे ये साबित होता है कि अर्थव्यवस्था की रफ्तार में समय से साथ मजबूती आई है. वहीं दुनिया की बड़ी अर्थव्यवस्था खासकर चीन-अमेरिकी की जीडीपी ग्रोथ 2-4 फीसदी रहने का अनुमान है। 

मजबूत डिमांड और सेल 
जून 2026 में कारों की बिक्री में 24.1% की सालाना बढ़ोतरी दर्ज की गई. इससे पहले मई में यह 27.3% थी. दोपहिया वाहनों के रजिस्ट्रेशन में 18.7% और थ्री-व्हीलर की बिक्री में 26.1% का इजाफा हुआ। 

इसके अलावा जून 2026 में इलेक्ट्रिक व्हीकल (EV) का रजिस्ट्रेशन 55.3% बढ़ा है, जो कि मई के 38.7% से काफी अधिक है. जो कि ऑटो सेक्टर के ग्रीन ट्रांसफॉर्मेशन को दर्शाती है। 

साथ ही लोगों द्वारा लिए जाने वाले कर्ज में 15.8% की बढ़ोतरी दर्ज की गई. व्यक्तिगत और उपभोक्ता कर्ज की मांग में 15.8% का इजाफा हुआ है, जिससे पता चलता है कि लोग खरीदारी के लिए कर्ज लेने में भी सहज महसूस कर रहे हैं। 

अर्थव्यवस्था के दूसरे संकेतों को देखें तो देश में बिजली की मांग में 11.5% की बढ़ोतरी हुई है. डीजल की खपत भी 6.2% बढ़ी है, जो यह दर्शाती है कि माल ढुलाई और औद्योगिक गतिविधियां तेजी से चल रही हैं. ऐसे में इकोनॉमी के सभी प्रमुख इंडिकेटर्स खपत, औद्योगिक गतिविधियां, सेवाएं, सरकारी खर्च और क्रेडिट ग्रोथ एक साथ सही दिशा में आगे बढ़ रहे हैं। 

About the Author

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

About the Author

GoodDoo News

Your trusted source for unbiased, timely news. We cover national and global updates, politics, business, social issues, and inspiring stories. Stay informed with accurate reporting and impactful stories that matter.

Search the Archives

Access over the years of investigative journalism and breaking reports