चंडीगढ़.
नारायणगढ़ में करीब 26 वर्ष पहले युवक संजीव कुमार की चाकू से हमला कर हत्या करने के मामले में पंजाब एवं हरियाणा हाई कोर्ट ने पांच दोषियों को बड़ी राहत देने से इन्कार करते हुए उनकी उम्रकैद की सजा बरकरार रखी है।
हालांकि, अदालत ने मृतक के स्वजन की ओर से दायर वह याचिका भी खारिज कर दी, जिसमें दोषियों की उम्रकैद को मृत्युदंड में बदलने की मांग की गई थी। जस्टिस अर्चना पुरी और जस्टिस मनदीप पन्नू की पीठ ने स्पष्ट किया कि मामले की परिस्थितियों को देखते हुए मृत्युदंड देने का आधार नहीं बनता।
26 साल पुराना है मामला
मामला 16 सितंबर 2000 का है। अभियोजन के अनुसार संजीव कुमार नारायणगढ़ में खेल देखने के बाद अपने गांव लौट रहा था। हुसैनी रोड पार करते समय उसने देखा कि पांच युवक उसके साथ मारपीट कर रहे थे। गंभीर रूप से घायल संजीव को पहले नारायणगढ़ के सिविल अस्पताल ले जाया गया और वहां से पीजीआइ चंडीगढ़ रेफर किया गया। पीजीआइ में रात करीब 7:45 बजे उसकी मौत हो गई।
















