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योगी सरकार की पहल से बेटियों को मिलेगी डिजिटल शिक्षा, खान एकेडमी से गणित-विज्ञान की पढ़ाई होगी आसान

डिजिटल शिक्षा से निखरेंगी बेटियों की प्रतिभाएं, योगी सरकार में खान एकेडमी से गणित-विज्ञान को नई उड़ान – प्रदेश के 96 प्रतिशत कस्तूरबा गांधी बालिका विद्यालय खान एकेडमी पर पंजीकृत, डिजिटल शिक्षण को मिला व्यापक विस्तार – 80,078 छात्राएं पंजीकृत, 66,996 ने सक्रिय किए अपने अकाउंट – सहारनपुर, गाजियाबाद और खीरी की छात्राओं ने लक्ष्य…

योगी सरकार की पहल से बेटियों को मिलेगी डिजिटल शिक्षा, खान एकेडमी से गणित-विज्ञान की पढ़ाई होगी आसान

डिजिटल शिक्षा से निखरेंगी बेटियों की प्रतिभाएं, योगी सरकार में खान एकेडमी से गणित-विज्ञान को नई उड़ान

– प्रदेश के 96 प्रतिशत कस्तूरबा गांधी बालिका विद्यालय खान एकेडमी पर पंजीकृत, डिजिटल शिक्षण को मिला व्यापक विस्तार

– 80,078 छात्राएं पंजीकृत, 66,996 ने सक्रिय किए अपने अकाउंट

– सहारनपुर, गाजियाबाद और खीरी की छात्राओं ने लक्ष्य प्राप्ति में किया उत्कृष्ट प्रदर्शन

लखनऊ
 मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में उत्तर प्रदेश में बालिका शिक्षा को आधुनिक शिक्षण संसाधनों से जोड़ने की दिशा में निरंतर प्रयास किए जा रहे हैं। इसी क्रम में कस्तूरबा गांधी बालिका विद्यालयों (केजीबीवी) में खान एकेडमी के माध्यम से छात्राओं को गणित और विज्ञान में कौशल विकसित करने के लिए डिजिटल अभ्यास का अवसर मिल रहा है। 

खान एकेडमी की 1 से 15 अक्टूबर की मध्य-माह प्रदर्शन रिपोर्ट के अनुसार, प्रदेश के 96 प्रतिशत केजीबीवी इस मंच पर पंजीकृत हैं। कुल 80,078 छात्राओं ने पंजीकरण कराया है, जिनमें से 66,996 छात्राओं के अकाउंट सक्रिय हो चुके हैं। वहीं, 30,503 छात्राओं ने निर्धारित मासिक लक्ष्य का कम-से-कम 50 प्रतिशत हासिल किया है। यह पहल छात्राओं में विषयगत समझ, नियमित अभ्यास और सीखने की दक्षता को मजबूत करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है।

सहारनपुर, गाजियाबाद और खीरी की छात्राओं का उत्कृष्ट प्रदर्शन
जनपदवार प्रदर्शन में सहारनपुर, गाजियाबाद और खीरी ने उल्लेखनीय उपलब्धि हासिल की है। रिपोर्ट के अनुसार, सहारनपुर में 92 प्रतिशत, गाजियाबाद में 89 प्रतिशत और खीरी में 81 प्रतिशत छात्राओं ने मासिक लक्ष्य का कम-से-कम 50 प्रतिशत प्राप्त किया। इन जनपदों की उपलब्धि डिजिटल शिक्षण के प्रभावी उपयोग और छात्राओं को नियमित अभ्यास से जोड़ने के प्रयासों को रेखांकित करती है।

डिजिटल अभ्यास से मजबूत होगी गणित-विज्ञान की नींव
खान एकेडमी कार्यक्रम का उद्देश्य छात्राओं को गणित और विज्ञान में दक्ष बनाना है। निर्धारित मासिक लक्ष्य के अनुसार, प्रत्येक छात्रा को दोनों विषयों में कम-से-कम चार-चार कौशलों में दक्षता यानी प्रोफिशिएंट/मास्टर्ड (Proficient/Mastered) स्तर प्राप्त करना है। डिजिटल मंच के माध्यम से छात्राओं को अभ्यास करने और अपनी विषयगत दक्षता विकसित करने का अवसर मिलता है। इससे सीखने की प्रक्रिया को अधिक रोचक, सहज और परिणामोन्मुख बनाने में मदद मिलती है।

बालिका शिक्षा को आधुनिक अवसरों से जोड़ने का संकल्प
योगी सरकार की प्राथमिकता है कि प्रदेश की बेटियों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा के साथ आधुनिक शिक्षण संसाधनों का लाभ मिले। खान एकेडमी जैसे डिजिटल मंच कस्तूरबा गांधी बालिका विद्यालयों की छात्राओं को गणित और विज्ञान में अपनी क्षमताएं निखारने का अवसर प्रदान कर रहे हैं। निरंतर अभ्यास, विद्यालय स्तर पर प्रोत्साहन और शिक्षकों के मार्गदर्शन से छात्राओं को निर्धारित शिक्षण लक्ष्यों की ओर आगे बढ़ाने में मदद मिलेगी। यह पहल बालिका शिक्षा को तकनीक, गुणवत्तापूर्ण सीखने और बेहतर शैक्षिक अवसरों से जोड़ने की दिशा में प्रदेश के प्रयासों को नई गति देती है।

“हमारी प्राथमिकता है कि कस्तूरबा गांधी बालिका विद्यालयों की छात्राओं को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा और आधुनिक शिक्षण संसाधनों के बेहतर अवसर मिलें। खान एकेडमी के माध्यम से गणित और विज्ञान में उनकी दक्षता विकसित करने की पहल बालिका सशक्तीकरण को नई दिशा देती है।”
– संदीप सिंह, राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार), बेसिक शिक्षा

“खान एकेडमी के माध्यम से छात्राओं को गणित और विज्ञान के कौशल विकसित करने के लिए डिजिटल अभ्यास का अवसर मिल रहा है। हमारा प्रयास है कि विद्यालयों में इस मंच का प्रभावी उपयोग हो और अधिकाधिक छात्राएं निर्धारित शिक्षण लक्ष्यों की दिशा में आगे बढ़ें।”
– मोनिका रानी, महानिदेशक, स्कूल शिक्षा

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