,

पंचायत चुनाव में अनोखा फैसला, पर्ची ने पलटी बाजी और पूनम के सिर सजा सरपंच का ताज

बाड़मेर  राजस्थान के पंचायत चुनाव में एक ऐसा मुकाबला सामने आया, जहां जीत और हार का फैसला न वोटों के अंतर से हुआ और न ही दोबारा गिनती से. यहां चार बार मतगणना हुई, लेकिन हर बार नतीजा एक जैसा रहा. दोनों महिला प्रत्याशियों को बराबर 614-614 वोट मिले. आखिरकार चुनाव अधिकारी को लॉटरी यानी…

पंचायत चुनाव में अनोखा फैसला, पर्ची ने पलटी बाजी और पूनम के सिर सजा सरपंच का ताज

बाड़मेर
 राजस्थान के पंचायत चुनाव में एक ऐसा मुकाबला सामने आया, जहां जीत और हार का फैसला न वोटों के अंतर से हुआ और न ही दोबारा गिनती से. यहां चार बार मतगणना हुई, लेकिन हर बार नतीजा एक जैसा रहा. दोनों महिला प्रत्याशियों को बराबर 614-614 वोट मिले. आखिरकार चुनाव अधिकारी को लॉटरी यानी पर्ची के जरिए सरपंच का फैसला करना पड़ा. किस्मत ने पूनम कुमारी का साथ दिया और वह सरपंच निर्वाचित हो गईं। 

वहीं, महदू देवी को बराबर वोट मिलने के बावजूद हार का सामना करना पड़ा. यह रोचक मुकाबला बाड़मेर ग्रामीण पंचायत समिति की गालाबेरी ग्राम पंचायत में हुआ. चुनाव परिणाम सामने आते ही गांव में इस अनोखे मुकाबले की चर्चा शुरू हो गई. लोगों के लिए यह किसी हैरानी से कम नहीं था कि चार बार गिनती कराने के बाद भी दोनों प्रत्याशियों के वोट बराबर ही रहे। 

चार बार गिनती, हर बार 614-614 वोट
गालाबेरी ग्राम पंचायत सरपंच पद महिला के लिए आरक्षित था. यहां महदू देवी पत्नी अचलाराम और पूनम कुमारी पत्नी दुर्गेश कुमार चुनाव मैदान में थीं. दोनों प्रत्याशियों ने चुनाव में पूरी ताकत लगाई थी. मतदान के बाद जब मतगणना शुरू हुई तो नतीजा देखकर अधिकारी भी हैरान रह गए. दोनों प्रत्याशियों को 614-614 वोट मिले थे. इसके अलावा 3 वोट नोटा के खाते में गए, जबकि 22 वोट रिजेक्ट हो गए. बराबर वोट मिलने के बाद पहले मतगणना में किसी तरह की गलती की आशंका को दूर करने के लिए दोबारा गिनती कराई गई. लेकिन नतीजा नहीं बदला. इसके बाद एक के बाद एक कुल चार बार रिकाउंटिंग हुई. हर बार महदू देवी और पूनम कुमारी के वोटों की संख्या 614-614 ही रही. चार बार की गिनती के बाद भी जब टाई नहीं टूटा तो चुनाव अधिकारियों ने नियमानुसार लॉटरी के जरिए परिणाम घोषित करने का निर्णय लिया। 

पर्ची ने बदल दी बाजी, पूनम कुमारी बनीं सरपंच
चार बार की मतगणना के बाद आखिरकार पर्ची निकालकर सरपंच पद का फैसला किया गया. इसमें पूनम कुमारी के नाम की पर्ची निकली और उन्हें विजेता घोषित कर दिया गया. इस तरह बराबर वोट मिलने के बावजूद पूनम कुमारी सरपंच बन गईं. वहीं महदू देवी महज एक पर्ची के अंतर से सरपंच बनने से चूक गईं. इस नतीजे ने गांव में चुनावी मुकाबले को और भी यादगार बना दिया. समर्थकों के बीच भी इस अनोखे परिणाम की चर्चा होती रही। 

90.58 प्रतिशत हुआ मतदान, 1359 में से 1253 ने डाले वोट
गालाबेरी ग्राम पंचायत में कुल 1359 मतदाता पंजीकृत थे. इनमें से 1253 मतदाताओं ने अपने मताधिकार का इस्तेमाल किया. इस तरह यहां 90.58 प्रतिशत मतदान दर्ज किया गया. कुल पड़े मतों में से 22 वोट निरस्त हुए और 3 मतदाताओं ने नोटा का विकल्प चुना. शेष वोट दोनों प्रत्याशियों के बीच बिल्कुल बराबर बंट गए। 

दूसरे चरण में 189 सरपंच पदों पर हुआ मतदान
बाड़मेर जिले में पंचायत राज चुनाव के दूसरे चरण के तहत 7 पंचायत समितियों में मतदान हुआ. जिले की 206 ग्राम पंचायतों में से 17 सरपंच निर्विरोध निर्वाचित हुए, जबकि 189 ग्राम पंचायतों में सरपंच पद के लिए वोटिंग कराई गई. इन चुनावों में कुल 88 प्रतिशत मतदान दर्ज किया गया. कई जगह रोचक मुकाबले देखने को मिले, लेकिन गालाबेरी ग्राम पंचायत का परिणाम सबसे ज्यादा चर्चा में रहा, जहां चार बार गिनती के बाद भी दोनों प्रत्याशियों के वोट बराबर रहे और आखिरकार पर्ची से गांव को नया सरपंच मिला। 

About the Author

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

About the Author

GoodDoo News

Your trusted source for unbiased, timely news. We cover national and global updates, politics, business, social issues, and inspiring stories. Stay informed with accurate reporting and impactful stories that matter.

Search the Archives

Access over the years of investigative journalism and breaking reports